जमुई में जमीन विवाद में पिता की हत्या; 2022 में हो चुकी है बेटे की भी गोली मारकर हत्या - City Channel

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Tuesday, January 13, 2026

जमुई में जमीन विवाद में पिता की हत्या; 2022 में हो चुकी है बेटे की भी गोली मारकर हत्या

जमुई में जमीन विवाद में पिता की हत्या; 2022 में हो चुकी है बेटे की भी गोली मारकर हत्या

जमुई :  जमुई जिले में सोमवार की शाम एक बार फिर अपराधियों ने बर्बर वारदात को अंजाम देते हुए सिकंदरा–जमुई मुख्य मार्ग पर पदमावत गांव के पास अशोक यादव उर्फ आशो यादव को गोलियों से भून डाला। ताबड़तोड़ फायरिंग की आवाज से इलाका सहम उठा और अशोक यादव की मौके पर ही मृत्यु हो गई।

सीने में पूरी मैगजीन खाली, छह गोलियां शरीर के विभिन्न हिस्सों में लगीं

घटना स्थल पर मिले साक्ष्य बताते हैं कि अपराधियों ने अशोक यादव के सीने में पूरी मैगजीन खाली कर दी। उनके सिर, चेहरे, पीठ और पेट में कुल छह गोलियां मारी गईं।
सड़क पर मृतक की फाइलें बिखरी हुई थीं, जबकि उनकी बाइक लगभग 20 कदम दूर गिरी मिली। बाइक के नीचे एक मैगजीन, कई खोखे, गुलेल और सीसे की गोलियां भी बरामद की गईं।

85 डिसमिल जमीन विवाद से जुड़ी है घटना

हत्या की वजह 85 डिसमिल जमीन विवाद को बताया जा रहा है। मृतक और गौहरनगर निवासी कामेश्वर पासवान के बीच यह विवाद वर्षों से चल रहा था।
जानकारी के मुताबिक उक्त जमीन की बंदोबस्ती वर्ष 1939 में ही अशोक यादव के पिता मिश्री यादव के नाम दर्ज थी। अदालत ने भी फैसला अशोक यादव के पक्ष में दिया था, लेकिन इसके बावजूद दोनों पक्षों के बीच रंजिश खत्म नहीं हुई।

2022 में बेटे की भी हत्या, परिवार पर टूटा था दुख का पहाड़

इसी विवाद में 3 मई 2022 को अशोक यादव के 30 वर्षीय बेटे विकास यादव की भी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। विकास जमीन पर लगे आम के पेड़ से आम तोड़ने गया था, तभी उसकी हत्या कर दी गई।
गंभीर हालत में इलाज के लिए पटना ले जाया गया, जहां 12 दिनों बाद उसकी मौत हो गई थी।
बेटे की हत्या के बाद से अशोक यादव लगातार भय में जीवन बिता रहे थे और उन्होंने सिकंदरा थाना में सुरक्षा की गुहार भी लगाई थी।

कोर्ट से लौटते समय घेरकर मारी गोली

मृतक के बेटे रणवीर कुमार ने जानकारी दी कि सोमवार को उनके पिता कोर्ट गए थे। विकास यादव हत्या मामले में निर्णय आने की प्रक्रिया चल रही थी।
कोर्ट से लौटते समय अपराधियों ने घेरकर उनके पिता की हत्या कर दी।

रणवीर ने बताया कि उनके भाई की हत्या के मामले में दो आरोपी फरार, दो जेल में और एक जमानत पर बाहर है।

20 वर्षों से विवाद; साथी काशी यादव का दावा

अशोक यादव के सहयोगी काशी यादव ने कहा कि कामेश्वर पासवान से करीब 20 वर्षों से विवाद चल रहा था। अशोक बिजली मिस्त्री थे और खेत में मवेशी भगाने के लिए गुलेल अपने साथ रखते थे।

पुलिस को मिले अहम सुराग, जांच हर एंगल से जारी

एसडीपीओ सतीश सुमन ने बताया कि अशोक यादव की गोली मारकर हत्या की पुष्टि हुई है। परिजनों से पूछताछ में कुछ महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं।
उन्होंने कहा कि पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है और जल्द ही हत्याकांड का खुलासा किया जाएगा। सड़क पर बिखरी फाइलों की भी अलग से जांच की जा रही है।

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